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Mera kanha

#मेरा कान्हा# बन जाऊं मैं राधारानी, पर मेरा वो श्याम कहां है। बन जाऊं मैं मीरा दीवानी,पर मेरा घनश्याम कहां है । हर भाषा के शब्द अलग है, पर प्रेम की भाषा एक है। नैनों में सजते सपने कई, मन की अभिलाषा एक है। बन जाऊं मैं गोकुल की गोपी, पर मेरा नंदलाल कहां है। मन में उठती कई तरंगे, पर बसी भावना एक है। रंग बिरंगे चेहरे देखे, पर रूप सलोना एक है। बन जाऊं मैं ब्रज की गैया, पर मेरा गोपाल कहां है। हे कृष्ण गोविन्द हरे मुरारी, तेरे तो कई नाम है। मुझको तू मिल जाए कान्हा, मेरी चाहत बस एक है। बन जाऊं होठों की मुरली, पर मेरा यदुलाल कहां है।

कोरोना का असर

मेरे बच्चे अब ,बाहर घूमने की बात नहीं करते। दाल चावल में ही खुश है, बाहर खाने की जिद नहीं करते। घर में ही टीवी देखते हैं, नयी मूवी का नाम नहीं लेते। लूडो कैरम के मज़े ले रहे, बाहर खेलने की बात नहीं करते। कहते है सबको ,संयम अपनाओ। कोरोना से जीत,दुनिया को बतला दो। हो महान सबको दिखला दो।

रिस्ता

*  रिस्ता * बड़ सुरता आथे मोला,मोर महतारी के कोरा। जेमा मढ़ा के मुडी ला, जम्मो सुख ला पावन ।  नइ भुला सकन , बाबु के कांधा। जेमा बइठ के हमन, जम्मो संसार ला देखन। भाई बहिनी के सुरता,  कभु हंसाथे कभु रोवाथे। संगी जहुंरिया के मया, जम्मो पिरा ला भुलाथे। बड़ मयारू लईका मन, मिठ मिठ बोली जेकर, मया के डोरी ला,  अउ कस के बंधाथे। बड़ अनमोल ए रिस्ता संगी,  कभु झन भूलाहू ।   कभु मीठ त कभु करु, फेर एखरे ले दुनिया चलथे।    श्रीमती अनिता चंद्राकर       

जिनगी के गाड़ी

जिनगी के गाड़ी  मुसवा कस बिला म लुकाय ले, काम नइ बने संगवारी। बघवा कस जिए ला पड़ही। नाम तभे होही संगवारी। टेटका कस टांग के मुड़ी ला झांक झन परदा भाड़ी। घेरी बेरी रंग बदले ले  नइ चले जिनगी के गाड़ी। चिटरा कस चढ़े ला पड़ही। काम तभे बनही संगवारी।। कंउवा कस कांव कांव कर के झन काकरो जी ला खिसियाबे। मीठ मीठ बोली सुहाथे सबो ला, कोयली कस मया बगराबे। पड़की कस उड़े ला पड़ही। जिनगी तबे चलही संगवारी।। नाम तभे हाेही संगवारी ।।

ऐसा हो अपना छत्तीसगढ़

युगों युगों तक रहे अमर ऐसा हो अपना छत्तीसगढ़। खेतों में लहलहाए फसलें हर हाथ को काम मिले। स्वच्छ जल से इठलाये नदियां प्रगति के हो सपने उजले। न हो कोई भूखा प्यासा अपनी ताकत पे करे विश्वास। सत्य निष्ठा श्रम श्रद्धा रहे अटूट मन की आस। भाईचारा प्रेम सद्भावना उन्नत हो हर गांव शहर। युगों युगों...............